रूहअल्ला एता कहियो, तुम मांग्या सो फरामोस ।
जब इस्क ज्यादा आवसी, तब आवसी माहें होस ।।
किस आत्म ने श्री जी के रहते दो बार तन धा...

Question: किस आत्म ने श्री जी के रहते दो बार तन धारण करके उनके चरणों में तन छोड़ा बताईए सुन्दरसाथ जी
Answer: अमलावती की आत्म ने पहले फूल बाई के तन में फिर तेज कुंवरी के तन में